कैट का आदेश-पीसीसीएफ पीके वर्मा को हटाए सरकार

रांची : केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (कैट) की संयुक्त खंडपीठ ने प्रिंसिपल चीफ कंजरवेटर ऑफ फाॅरेस्ट (पीसीसीएफ) पीयूष कुमार वर्मा की नियुक्ति को अवैध करार दिया है। साथ ही उनका नियुक्ति आदेश निरस्त करते हुए राज्य सरकार को नए पीसीसीएफ की नियुक्ति करने का निर्देश दिया है। खंडपीठ के न्यायिक और प्रशासनिक सदस्य सुनील कुमार सिन्हा ने कहा कि 17 फरवरी 2020 काे पारित अनुशंसा के आलाेक में आदेश जारी होने की तिथि से एक माह के भीतर स्पेशल सेलेक्शन कमेटी द्वारा नए सिर से निर्णय ले।

तब तक पीसीसीएफ पद पर वैसी ही स्थिति बनाए रखें, जैसी पीयूष कुमार वर्मा की नियुक्ति से पहले थी। उल्लेखनीय है कि वर्मा की नियुक्ति के खिलाफ स्पेशल सेलेक्शन कमेटी द्वारा अनुशंसित पैनल में पहले स्थान पर रहने वाले आवेदक शशिनंद कुलियार ने वर्ष 2020 में याचिका दायर की थी। कहा था कि पीयूष कुमार वर्मा की नियुक्ति विधिसम्मत नहीं है। संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 के तहत प्रावधान के विपरीत है। इसलिए आग्रह है कि उनकी नियुक्ति निरस्त की जाए। इस मामले की लगातार सुनवाई के बाद खंडपीठ ने 9 फरवरी 2021 काे फैसला सुरक्षित रख लिया था। कुलियार की ओर से हाईकोर्ट के अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा ने खंडपीठ के समक्ष पक्ष रखा।

पैनल में नीचे थे, फिर भी की गई वर्मा की नियुक्ति

स्पेशल सेलेक्शन कमेटी ने पीसीसीएफ पद की नियुक्ति के लिए 17 फरवरी-2020 काे तीन पदाधिकारियाें के एक पैनल की अनुशंसा की थी। उन तीन अधिकारियाें में पहले नंबर पर शशिनंद कुलियार और लाल रत्नाकर सिंह थे। जबकि दूसरे नंबर पर पीयूष कुमार वर्मा थे। इसी बीच लाल रत्नाकर सिंह रिटायर कर गए। उसके बाद पैनल में पहले नंबर पर अनुशंसित कुलियार काे नजरअंदाज करते हुए पीयूष कुमार वर्मा काे नियुक्त कर दिया गया था, जिसे कैट में चुनाैती दी गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com
Become a Journalist
Feedback/Query